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खुरासानी अजवायन – Khurasani Ajwain (Henbane)

खुरासानी अजवायन

Khurasani Ajwain (Henbane)

Hyoscyamus niger · Solanaceae (कंटकारी कुल)

संस्कृत नाम: पारसीक यवानी

जड़ी-बूटीविशेष सावधानी
उपयोगी भागकेवल चिकित्सक की देखरेख में — पत्ते, बीज
तासीरगर्म

संक्षेप में: स्वाद में कड़वा, तीखा-चरपरा, तासीर गर्म। गैस, जोड़ों का दर्द और रूखापन; बलगम, सर्दी-खाँसी और भारीपन जैसी तकलीफ़ों में सहायक मानी जाती है — यह विशेष सावधानी वाला पौधा है; इसका सेवन केवल वैद्य की देखरेख में करें।

यह पौधा अभी ऑनलाइन उपलब्ध नहीं है। उपलब्धता की जानकारी के लिए WhatsApp पर संपर्क करें।

परिचय

खुरासानी अजवायन रसोई वाली अजवायन नहीं है — यह धतूरे के परिवार का, चिपचिपे रोएँदार पत्तों और पीले-बैंगनी जालीदार फूलों वाला बहुत तेज़ असर का पौधा है, जो खाने योग्य नहीं। इसके बीज ईरान-अफ़ग़ानिस्तान (खुरासान) से आते थे, इसीलिए यह नाम पड़ा। इसके तत्वों से दर्द और ऐंठन की आधुनिक दवाएँ बनती हैं।

पारंपरिक उपयोग

  1. पुराने ग्रंथों में शोधित बीज का प्रयोग दाँत दर्द, अनिद्रा और ऐंठन वाले दर्द में, बहुत थोड़ी मात्रा में वैद्य द्वारा बताया गया है।
  2. इससे निकलने वाले हायोसायमीन जैसे तत्व आधुनिक दवाओं में पेट की ऐंठन के लिए उपयोग होते हैं।
  3. औषधीय बगीचे में केवल पहचान और जानकारी के लिए।

आयुर्वेदिक गुण

रस (स्वाद)
तिक्त (कड़वा), कटु (तीखा-चरपरा)
तासीर
गर्म
दोषों पर असर
वात और कफ को शांत करता है (केवल वैद्य द्वारा)।

कैसे लगाएँ और देखभाल

ठंडी, सूखी जलवायु का पौधा है; बिहार में सर्दियों में ही उगता है। घर के बगीचे में लगाने की सलाह नहीं।

ध्यान दें

यह पौधा खाने योग्य नहीं है। बीज या पत्ते खाने से बेहोशी, भ्रम और तेज़ धड़कन जैसी गंभीर समस्या हो सकती है। इसे रसोई वाली अजवायन समझने की भूल न करें।

शब्दावली

शोधित
ख़ास विधि से साफ़ और सुरक्षित किया हुआ (यह काम केवल वैद्य करते हैं)
वात
शरीर की हवा/गति वाली शक्ति; बिगड़ने पर गैस, जोड़ों का दर्द, रूखापन, कब्ज़ और बेचैनी
कफ
शरीर की नमी और बलगम वाली शक्ति; बिगड़ने पर सर्दी-खाँसी, बलगम, भारीपन और सुस्ती

यह जानकारी पारंपरिक आयुर्वेद और लोक-ज्ञान पर आधारित है और केवल जानकारी के लिए है, इलाज के लिए नहीं। किसी भी बीमारी में डॉक्टर या पंजीकृत आयुर्वेदिक वैद्य की सलाह से ही दवा लें, और चल रही दवा अपने आप बंद न करें। गर्भावस्था, छोटे बच्चों और पहले से दवा ले रहे लोगों को विशेष सावधानी रखनी चाहिए।

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