
चीकू
Chikoo (Sapota)
Manilkara zapota · Sapotaceae
डिलीवरी ₹100 से (200 कि.मी. तक) · नर्सरी से लेने पर निःशुल्क
परिचय
चीकू (सपोटा) भूरे छिलके और मीठे, दानेदार गूदे वाला फल है, जो मूल रूप से मध्य अमेरिका का है। पेड़ सदाबहार और घना होता है और साल में दो बार फल देता है। ऊर्जा और रेशे से भरपूर होने के कारण यह बच्चों और बुज़ुर्गों के लिए अच्छा फल है।
पारंपरिक उपयोग
- पका चीकू तुरंत ऊर्जा देता है और रेशे के कारण कब्ज़ में मदद करता है।
- चीकू का मिल्कशेक कमज़ोरी में पौष्टिक आहार है।
- लोक-परंपरा में कसैली छाल का काढ़ा दस्त में दिया जाता है।
- इसी पेड़ के दूध (चिकल) से पहले च्युइंग गम बनाया जाता था।
कैसे लगाएँ और देखभाल
पूरी धूप, गहरी मिट्टी, जलभराव से बचाएँ। बरसात में कलमी पौधा लगाएँ; 3–4 साल में फल। पाले (कड़ाके की ठंड) से छोटे पौधे बचाएँ।
ध्यान दें
कच्चा चीकू न खाएँ — उसमें दूध और कसैलापन होता है। शुगर के मरीज़ मात्रा का ध्यान रखें।
यह जानकारी पारंपरिक आयुर्वेद और लोक-ज्ञान पर आधारित है और केवल जानकारी के लिए है, इलाज के लिए नहीं। किसी भी बीमारी में डॉक्टर या पंजीकृत आयुर्वेदिक वैद्य की सलाह से ही दवा लें, और चल रही दवा अपने आप बंद न करें। गर्भावस्था, छोटे बच्चों और पहले से दवा ले रहे लोगों को विशेष सावधानी रखनी चाहिए।





